कानपुर देहात केंद्र सरकार के 12 वर्ष और राज्य सरकार के नव वर्ष पूर्ण करने पर सेवा, संस्कार, सुशासन और सम्मान पखवाड़े के तहत बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा प्रबुद्ध वर्ग से संवाद कार्यशाला रूरा रोड स्थित शांति उपवन गेस्ट हाउस में आयोजित की गई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित राज्य मंत्री प्रतिभा शुक्ला ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत ने विकास, नवाचार, आत्मनिर्भरता और वैश्विक प्रतिष्ठा के क्षेत्र में अनेक महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ प्राप्त की हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने कई ऐसी योजनाएँ और कार्यक्रम देखे हैं जिनका प्रभाव समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने का प्रयास किया गया है।
सबसे पहले यदि हम आर्थिक समावेशन की बात करें तो प्रधानमंत्री जन धन योजना ने करोड़ों लोगों को बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ा। इससे गरीब और वंचित वर्ग को वित्तीय सेवाओं तक पहुँच मिली। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डी बी टी) के माध्यम से सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों के खातों में पहुँचने लगी, जिससे पारदर्शिता बढ़ी और भ्रष्टाचार में कमी आई।
स्वच्छता के क्षेत्र में स्वच्छ भारत अभियान एक जनआंदोलन बनकर उभरा। देशभर में लाखों शौचालयों का निर्माण हुआ और स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ी। इससे न केवल लोगों के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा बल्कि स्वच्छ भारत का सपना भी साकार होने लगा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहीं जिला अध्यक्ष रेणुका सचान ने कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई। इस योजना के माध्यम से करोड़ों परिवारों को धुएँ से मुक्त रसोई का लाभ मिला। महिलाओं के स्वास्थ्य और सम्मान की दृष्टि से यह एक ऐतिहासिक पहल मानी जाती है।
स्वास्थ्य के क्षेत्र में आयुष्मान भारत योजना ने आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान की। करोड़ों लोगों को उपचार की सुविधा मिली, जिससे स्वास्थ्य सेवाएँ गरीबों की पहुँच में आईं।
शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 लागू की गई। यह नीति विद्यार्थियों में रचनात्मकता, कौशल विकास और समग्र शिक्षा पर बल देती है। नई शिक्षा नीति का उद्देश्य भारत को ज्ञान-आधारित समाज के रूप में विकसित करना है।
इस दौरान डायट प्राचार्य पंकज यादव, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार पांडेय, देव समाज से के एस चौहान, बउवा पांडेय, खण्ड शिक्षा अधिकारी मनोज कुमार सिंह, संजय कुमार गुप्ता, शैलेश द्विवेदी, आनंद भूषण, सपना सिंह, ईश्वर कांत मिश्रा, एसआरजी अनंत त्रिवेदी, अजय कुमार गुप्ता, संत कुमार दीक्षित आदि रहे।












