समर्थन मूल्य पर पारदर्शी खरीद सुनिश्चित करने के निर्देश, किसानों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता

जालौन। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने एट मंडी परिसर में स्थापित खाद्य विपणन एवं पीसीएफ के गेहूं क्रय केंद्रों का स्थलीय निरीक्षण कर खरीद व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने क्रय केंद्रों पर किसानों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, तौल व्यवस्था, साफ-सफाई, अभिलेखों के रखरखाव तथा खरीद प्रक्रिया की पारदर्शिता की बारीकी से समीक्षा की।
जिलाधिकारी ने क्रय केंद्र पर उपस्थित किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं एवं सुझाव सुने। उन्होंने किसानों को आश्वस्त करते हुए कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप किसानों को बिना किसी असुविधा के गेहूं खरीद की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। यदि किसी किसान को किसी भी प्रकार की परेशानी होती है तो वह सीधे प्रशासन से संपर्क कर सकता है, उसकी समस्या का तत्काल समाधान कराया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों के हितों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है और इसी क्रम में इस वर्ष गेहूं का समर्थन मूल्य 2585 रुपए प्रति कुंतल निर्धारित किया गया है, ताकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि खरीद प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी एवं समयबद्ध ढंग से संचालित हो तथा किसानों को अनावश्यक इंतजार न करना पड़े। जिलाधिकारी ने क्रय केंद्रों पर गेहूं विक्रय कर चुके किसानों से दूरभाष पर बात कर फीडबैक भी लिया। किसानों ने बताया कि केंद्रों पर गेहूं की खरीद सुगमता एवं पारदर्शिता के साथ की जा रही है तथा उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। किसानों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाएं इसी प्रकार बनाए रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने मंडी सचिव को निर्देशित किया कि मंडी परिसर में साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को स्वच्छ एवं व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। साथ ही उन्होंने पेयजल, छाया एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं को भी दुरुस्त बनाए रखने के निर्देश दिए, ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।










