कानपुर देहात। उप कृषि निदेशक हरिशंकर भार्गव ने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन एवं कृषि विभाग के मार्गदर्शन में जनपद कानपुर देहात में खरीफ 2026 मौसम हेतु प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना को पारदर्शी, सहज एवं समयबद्ध रूप से लागू करने की व्यवस्था की गई है। किसान भाइयों की सहायता एवं मार्गदर्शन हेतु उप कृषि निदेशक कार्यालय परिसर में ‘फसल बीमा सहायता केंद्र’ (Help Desk) की स्थापना की गई है। यहाँ बीमा कंपनी (मैसर्स एच.डी.एफ.सी. एरगो) के प्रतिनिधि प्रत्येक कार्यदिवस में उपस्थित रहेंगे, ताकि किसान भाइयों, बैंकों एवं जन सेवा केंद्रों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके।
मुख्य बिंदु एवं महत्वपूर्ण तिथियाँ:
1. बीमा कराने की अंतिम तिथिः
गैर-ऋणी किसान भाईः राष्ट्रीय फसल बीमा पोर्टल (PMFBY Portal) पर स्वयं या जन सेवा केंद्र से बीमा कराने की अंतिम तिथि 14 अगस्त, 2026 है। ऋणी किसान भाईः बैंक के माध्यम से प्रीमियम कटौती की संशोधित अंतिम तिथि 31 अगस्त, 2026 निर्धारित है।
2. योजना में शामिल होने या वाहर रहने का विकल्प (Opt-In/Opt-Out):
जो ऋणी किसान भाई योजना से बाहर रहना चाहते हैं या पुनः शामिल होना चाहते हैं, उनसे अनुरोध है कि वे अंतिम तिथि से कम से कम 7 दिन पूर्व अपनी संबंधित बैंक शाखा में लिखित सूचना देने का कष्ट करें।
3. फसल परिवर्तन की सुविधा (Crop Change):
यदि किसी किसान भाई ने पहले से तय फसल के स्थान पर दूसरी अधिसूचित फसल वोई है, तो वे वीमा की अंतिम तिथि से 2 कार्यदिवस पूर्व बैंक या संबंधित माध्यम में जाकर अपनी फसल की जानकारी में संशोधन करवा सकते हैं।
4. आपदा की स्थिति में त्वरित सर्वे एवं सहायताः
ओलावृष्टि, जलभराव या अन्य प्राकृतिक आपदाओं से फसलों को नुकसान होने पर त्वरित सहायता हेतु कृषि विभाग के कर्मचारी, ATM, BTM, प्राविधिक सहायक, लेखपाल एवं वीमा कंपनी के प्रतिनिधि की संयुक्त टीम वनाई गई है। सूचना मिलते ही यह टीम मौके पर पहुँचकर स्थलीय निरीक्षण और आकलन करेगी।
5. विशेष जागरूकता शिविरः
वाढ़ व अतिवृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों में वीमा कंपनी व कृषि विभाग द्वारा संयुक्त रूप से किसान भाइयों की जागरूकता के लिए विशेप शिविर आयोजित किए जाएंगे।
जनपद के समस्त किसान भाइयों से सहृदय अनुरोध है कि वे प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले वित्तीय जोखिम से बचाव के लिए निर्धारित समयावधि के भीतर अपनी फसलों का वीमा अवश्य करा लें।












