चौबेपुर (कानपुर नगर)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) चौबेपुर की स्वास्थ्य सेवाओं पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि रात की ड्यूटी के दौरान अस्पताल में डॉक्टर मौजूद नहीं थे, जबकि एक घायल मरीज इलाज के इंतजार में तड़पता रहा। मजबूरी में अस्पताल का सुरक्षा गार्ड ही घायल मरीज की पट्टी करता दिखाई दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि रात के समय किसी गंभीर मरीज को तत्काल चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता पड़ जाए, तो उसकी जान जोखिम में पड़ सकती है। अस्पताल में डॉक्टर की अनुपस्थिति और सुरक्षा गार्ड द्वारा उपचार जैसा कार्य किया जाना स्वास्थ्य व्यवस्था की गंभीर लापरवाही को उजागर करता है। गौरतलब है कि कानपुर जनपद के कई सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में औचक निरीक्षण के दौरान पहले भी कर्मचारियों और चिकित्सकों की अनुपस्थिति पर कार्रवाई हो चुकी है, जिससे स्वास्थ्य विभाग की जवाबदेही का मुद्दा लगातार उठता रहा है।
जनता की मांग है कि:
– रात की ड्यूटी में तैनात डॉक्टरों की उपस्थिति की जांच कराई जाए।
– सीसीटीवी और उपस्थिति रजिस्टर की जांच की जाए।
– यदि डॉक्टर अनुपस्थित पाए जाते हैं तो उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए।
– यह सुनिश्चित किया जाए कि भविष्य में किसी मरीज का इलाज सुरक्षा गार्ड या गैर-चिकित्सकीय कर्मचारी के भरोसे न रहे।
अब देखना यह होगा कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) और जिला प्रशासन इस गंभीर मामले का संज्ञान लेकर दोषियों पर कार्रवाई करते हैं या फिर यह मामला भी फाइलों तक सीमित रह जाएगा।













