उरई । जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी प्रवीण कुमार सिंह ने बताया कि कृपया निदेशालय दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग उ०प्र० लखनऊ के कार्यालय पत्र दिनांक 17 अप्रैल 2026 के क्रम में 03 दिसम्बर को विश्व दिव्यांग दिवस के अवसर पर दिव्यांगता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों / संस्थाओं को पुरस्कार दिए जाते है। जिसके निमित्त विभाग द्वारा राज्य स्तरीय पुरस्कार नियमावली-2017 प्रख्यापित की गयी है। नियमावली में राज्य स्तरीय पुरस्कारों हेतु 12 विभिन्न श्रेणियों के अंर्तगत 30 पुरस्कार की व्यवस्था की गई है।
उन्होंने बताया कि नियमावली में दी गयी व्यवस्था अनुसार निम्नलिखित 12 श्रेणियों में आवेदन पत्र आमंत्रित किए जाते हैं- दक्ष दिव्यांग कर्मचारी / स्वनियोजित दिव्यांगजन के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन हेतु सर्वश्रेष्ठ नियोक्ता तथा सर्वश्रेष्ठ प्लेसमेंट अधिकारी या एजेंसी के लिए सेवायोजकों को राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन के निमित्त कार्यरत सर्वश्रेष्ठ व्यक्त्ति तथा सर्वश्रेष्ठ संस्था के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, प्रेरणास्रोत हेतु राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन के जीवन सुधारने के निमित्त सर्वश्रेष्ठ नवीन अनुसंधान या उत्पाद विकास के लिये राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन हेतु “बाधामुक्त वातावरण के सृजन हेतु सर्वश्रेष्ठ कार्य के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन को पुनर्वास सेवाएं प्रदान करने वाले सर्वश्रेष्ठ जिला के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, सर्वश्रेष्ठ सृजनशील दिव्यांग वयस्क व्यक्तियों एवं सर्वश्रेष्ठ बालक / बालिका हेतु राज्य स्तरीय पुरस्कार, सर्वश्रेष्ठ ब्रेलप्रेस के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन के लिए सर्वोत्तम अनुकूल वेबसाइट हेतु राज्य स्तरीय पुरस्कार, सर्वश्रेष्ठ दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार, दिव्यांगजन के सशक्तीकरण हेतु कार्यरत अधिकारी / कर्मचारी के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कार।
उन्होंने बताया कि इच्छुक दिव्यांगजन एवं दिव्यांगता के क्षेत्र में कार्य करने वाली संस्था जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी कार्यालय, डी०पी०आर०ओ० भवन, कलेक्ट्रेट कैम्पस, उरई में किसी भी कार्यदिवस में संपर्क स्थापित कर निर्धारित प्रारूप पर 02 प्रतियों में अपना प्रस्ताव तैयार कर दिनांक 15 जुलाई 2026 तक अधोहस्ताक्षरी कार्यालय में उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें जिससे नियमानुसार अग्रिम कार्यवाही किया जाना सुनिश्चित हो सके।













