नशा, नींद और तेज रफ्तार को बताया सड़क हादसों की सबसे बड़ी वजह, 370 वाहनों पर कार्रवाई से मचा हड़कंप
जालौन एडीजी यातायात उत्तर प्रदेश के निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय एवं पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के निर्देशन में जनपद में लगातार दूसरे दिन सड़क सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान चलाया गया। यातायात पुलिस द्वारा ऐट टोल प्लाजा पर देर रात तक सघन चेकिंग अभियान चलाकर शराब अथवा अन्य नशीले पदार्थों का सेवन कर वाहन चलाने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान ब्रेथ एनालाइजर मशीन के माध्यम से वाहन चालकों की जांच की गई, जिसमें 14 चालक ड्रिंक एंड ड्राइव करते पाए गए। सभी के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के अंतर्गत वैधानिक कार्रवाई करते हुए चालान किए गए। इसके साथ ही 13 वाहनों पर मॉडिफाइड साइलेंसर लगाए जाने तथा 14 वाहनों पर बिना एचएसआरपी नंबर प्लेट पाए जाने पर भी कार्रवाई की गई।
यातायात पुलिस द्वारा चलाए गए इस विशेष अभियान में कुल 370 वाहनों का चालान किया गया, जिनसे 5,65,500 रुपए का जुर्माना अधिरोपित किया गया। वहीं बिना हेलमेट वाहन चलाने वाले 195 लोगों के विरुद्ध भी कार्रवाई करते हुए 2,54,500 रुपए का जुर्माना लगाया गया। लगातार हो रही सख्त कार्रवाई से वाहन चालकों में हड़कंप की स्थिति बनी रही।अभियान के दौरान अधिकारियों ने वाहन चालकों को जागरूक करते हुए कहा कि सड़क दुर्घटनाओं के पीछे “नशा, नींद और तेज रफ्तार” सबसे बड़े कारण हैं। थोड़ी सी लापरवाही कई परिवारों की खुशियां छीन सकती है। वाहन चलाते समय पूर्ण सतर्कता, पर्याप्त नींद, निर्धारित गति सीमा एवं यातायात नियमों का पालन बेहद आवश्यक है। यातायात प्रभारी वीर बहादुर ने आमजन से अपील की है कि शराब पीकर वाहन न चलाएं, हेलमेट एवं सीट बेल्ट का प्रयोग अनिवार्य रूप से करें तथा सुरक्षित यात्रा को अपनी प्राथमिकता बनाएं। सड़क सुरक्षा के प्रति किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आगे भी ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।








