कानपुर देहात – जिलाधिकारी कपिल सिंह की अध्यक्षता में पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पांडे एवं मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल की उपस्थिति में मां मुक्तेश्वरी देवी सभागार, कलेक्ट्रेट परिसर में जनपद स्तरीय अनुश्रवण, मूल्यांकन एवं समीक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिलाधिकारी कपिल सिंह ने कहा कि गौ-संरक्षण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है तथा यह केवल प्रशासनिक दायित्व नहीं, बल्कि सामाजिक एवं नैतिक जिम्मेदारी भी है। पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पांडे ने भी बैठक में सक्रिय सहभागिता की और गौशालाओं में सुरक्षा व्यवस्था, कानून-व्यवस्था तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता रोकने के संबंध में आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया। बैठक में जनपद की सभी गौशालाओं में निराश्रित गौवंश के संरक्षण, भरण-पोषण, चारा, स्वच्छ पेयजल, चिकित्सकीय सुविधा, टीकाकरण, साफ-सफाई, शेड, जल निकासी, प्रकाश व्यवस्था एवं सुरक्षा आदि बिंदुओं पर विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी महोदय ने स्पष्ट निर्देश दिए कि गौशालाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने प्रत्येक गौशाला में पर्याप्त हरा एवं सूखा चारा, स्वच्छ पेयजल, नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, टीकाकरण, साफ-सफाई, कीटाणुशोधन तथा शेड-बाउंड्रीवाल की दुरुस्ती सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, नगर निकायों, पशुपालन विभाग एवं सभी नोडल अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे गौशालाओं का नियमित निरीक्षण करें, व्यवस्थाओं का सत्यापन करें तथा निरीक्षण आख्या समयबद्ध रूप से प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि गौ-संरक्षण केवल आश्रय देने तक सीमित नहीं है, बल्कि पशुओं के स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षा की समग्र व्यवस्था सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
बैठक में जिला विकास अधिकारी सुनील तिवारी, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ. सुबोध कुमार सहित सभी नोडल अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी, उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी एवं ईओ ने प्रतिभाग किया।













