उरई। जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुपालन में सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत डिवाइनमर्सी स्कूल मबई रोड उरई में परिवहन विभाग, शिक्षा विभाग व प्रधानाचार्य डिवाइनमर्सी के सहयोग से सड़क सुरक्षा जागरुकता कार्यक्रम का आयोजन एवम् स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से स्कूल वाहन चालकों/परिचालकों के स्वास्थ्य एवं मधुमेह (सुगर) परीक्षण की जाँच हेतु निशुल्क शिविर लगाया गया, जिसमें 40 स्कूल वाहन चालकों/परिचालकों के स्वास्थ्य, नेत्र एवं मधुमेह (सुगर) की जाँच नेत्र एवं पैथलाॅजी चिकित्सकों की टीम द्वारा की गयी, जिनको कमी पायी गयी उनको चिकित्सीय परामर्श हेतु सलाह दी गयी।
उक्त शिविर में राजेश कुमार सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन), राजकुमार पण्डित जिला विद्यालय निरीक्षक, डाॅ० रामजीत वर्मा चिकित्साधिकारी, राकेश साहू-लैब टैक्नीशियन, संजय कुमार नेत्र परीक्षण अधिकारी, श्वेता सिंह स्टाफ नर्स, जितेन्द्र सिंह-एम्बुलेंस चालक, फादर रमेश आला प्रधानाचार्य डिवाइनमर्सी स्कूल, मवई रोड उरई, अब्दुल अलीम खान-गुडसेमेरिटन पुरस्कार से सम्मानित समाजसेवी आदि उपस्थित रहे।
राजेश कुमार सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) द्वारा शिविर में उपस्थित समस्त स्कूली छात्र-छात्राओं व स्कूल वाहन चालकों को सुरक्षित परिवहन के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए जागरुक किया गया तथा सभी से अपील की गयी कि वाहन चलाते समय हेलमेट/सीटेबेल्ट का प्रयोग करें, नशे की हालत में वाहन न चलायें व वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग न करें, ओवर स्पीड में वाहन न चलायें, दुघर्टना में घायलों की सहायता करें, क्षमता से अधिक माल व सवारियाँ न ढ़ोयें। साथ ही यह भी अवगत कराया गया कि स्वस्थ्य शरीर एवं सड़क सुरक्षा के नियमों की जागरुकता से ही सड़क दुघर्टनाओं में कमी लाई जा सकती है। यह भी जानकारी दी गयी कि वाहनों को अपनी लाइन पर संचालित करने तथा वाहन को रोकते समय साइड इण्डीकेटर का प्रयोग कर सुरक्षित स्थान पर यात्रियों को उतारने, अनधिकृत तरीके से वाहन को ढ़ाबों पर खड़ी न करने एवं यात्रियों को असुविधा न हो ध्यान में रखकर यात्रा करायें। साथ ही यह भी अवगत कराया गया कि स्वस्थ्य शरीर एवं सड़क सुरक्षा के नियमों की जागरुकता से ही सड़क दुघर्टनाओं में कमी लाई जा सकती है। साथ गुड सेमेरिटन एवं हिट एण्ड रन योजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी तथा यह भी अवगत कराया गया कि जो भी व्यक्ति दुघर्टना में घायल हुए व्यक्ति को अस्पताल पहुँचायेगा उसको सरकार द्वारा गुड सेमेरिटन पुरस्कार से पुरस्कुत किया जाएगा। इसलिये बिना किसी आशंका के सड़क दुघर्टना में घायल व्यक्तियों की मदद करने की अपील की गयी।
राजकुमार पण्डित जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा सड़क सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार साझा किये करते हुए छात्र-छात्राओं व वाहन चालकों/परिचालकों सड़क सुरक्षा के नियमों के प्रति जागरुक किया गया व उनका पालन करने हेतु अपील की गयी। साथ ही सभी को वैध प्रपत्रों (ड्राइविंग लाइसेंस, पंजीयन प्रमाण पत्र, बीमा, प्रदूषण आदि) के साथ ही वाहन का संचालन करने व अपने परिवार के सदस्यों को भी इसके बारे में बताने व जागरुक करने हेतु कहा गया। इसके साथ-साथ रांग साइड में वाहन न चलानें, वाहन चलाते समय हेलमेट का प्रयोग करने, हाई-स्पीड में वाहन न चलाने की सलाह दी गयी।
अब्दुल अलीम खान द्वारा बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर प्रकाश डाला गया तथा बताया गया कि सड़क दुर्घटनाऐं गंभीर चिंता का विषय हैं और इन दुर्घटनाओं में सर्वाधिक मौतें दुपहिया वाहन चालकों की होती हैं जिसकी मुख्य वजह हेलमेट न लगाना है। अतः हम सभी को वाहन चलाते समय सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करना चाहिए जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।
उपस्थित समस्त चिकित्सक टीम द्वारा छात्र-छात्राओं में स्कूल वाहन चालकों/ परिचालकों को स्वास्थ्य सम्बन्धी जानकारी प्रदान की गयी तथा स्कूल वाहन चालकों/ परिचालकों को नियमित रुप से अपनी जाँच कराने की सलाह दी गयी।
अन्त में फादर रमेश आला-प्रधानाचार्य डिवाइनमर्सी स्कूल, मवई रोड उरई, जनपद- जालौन द्वारा उपस्थित सभी जनों को धन्यवाद देते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया।












