जनप्रतिनिधियों ने हरी झंडी दिखाकर जागरूकता रैली को किया रवाना, शत-प्रतिशत नामांकन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का दिया संदेश
जालौन। शैक्षिक सत्र 2026-27 के शुभारंभ पर स्कूल चलो अभियान का विधिवत शुभारंभ किया गया। कलेक्ट्रेट परिसर से जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. घनश्याम अनुरागी, सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा, जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय, मुख्य विकास अधिकारी केके सिंह, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही तथा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी विकास चौधरी ने जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली के माध्यम से जनपदवासियों को प्रत्येक बच्चे का विद्यालय में नामांकन सुनिश्चित कराने तथा नियमित उपस्थिति के लिए प्रेरित किया गया।
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. घनश्याम अनुरागी ने कहा कि शिक्षा ही समाज और राष्ट्र के विकास की सबसे मजबूत आधारशिला है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजें, ताकि वे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर अपने उज्ज्वल भविष्य का निर्माण कर सकें। उन्होंने कहा कि सरकार प्रत्येक बच्चे तक शिक्षा पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है और इस अभियान को जनभागीदारी से सफल बनाया जाएगा।
सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा ने कहा कि विद्यालय केवल पढ़ाई का स्थान नहीं, बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण का केंद्र है। उन्होंने कहा कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे, इसके लिए समाज के प्रत्येक वर्ग को आगे आकर सहयोग करना होगा। उन्होंने शिक्षकों, जनप्रतिनिधियों एवं अभिभावकों से अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान किया।
जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने कहा कि शासन की मंशा है कि जनपद का कोई भी बच्चा विद्यालय से बाहर न रहे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि विद्यालयवार सर्वे कर ऐसे सभी बच्चों का चिन्हांकन किया जाए जो अभी तक विद्यालय में नामांकित नहीं हैं और उनका शीघ्र प्रवेश सुनिश्चित कराया जाए। उन्होंने कहा कि नामांकन के साथ-साथ बच्चों की नियमित उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण, स्वच्छ एवं सुरक्षित विद्यालय वातावरण तथा शासन की सभी छात्रहितकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन भी सुनिश्चित किया जाए।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी विकास चौधरी ने बताया कि अभियान के अंतर्गत जनपद के सभी विकास खंडों एवं विद्यालयों में जागरूकता रैलियां, नामांकन अभियान, जनसंपर्क कार्यक्रम तथा अभिभावक संवाद आयोजित किए जाएंगे, ताकि शत-प्रतिशत नामांकन का लक्ष्य प्राप्त किया जा सके।
रैली में शिक्षा विभाग के अधिकारी, शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित रहे।











