क्लिनिक के बाहर सूचना-पट्ट व कूलर लगाने के निर्देश, बंदियों को अधिक कानूनी सहायता उपलब्ध कराने पर जोर
कानपुर देहात। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कानपुर देहात की सचिव नूपुर श्रीवास्तव ने सोमवार को जिला कारागार, कानपुर देहात परिसर में स्थापित प्रिजन लीगल क्लिनिक का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान सचिव ने कारागार अधीक्षक धीरज कुमार, जेलर डॉ. विजय कुमार पांडेय तथा डिप्टी जेलर डॉ. राजेश कुमार को निर्देश दिए कि प्रिजन लीगल क्लिनिक के बाहर स्पष्ट सूचना-पट्ट (बोर्ड) लगाया जाए तथा गर्मी से राहत हेतु कूलर की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि क्लिनिक के माध्यम से निरुद्ध महिला, पुरुष एवं किशोर बंदियों को अधिकतम निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाए तथा बंदियों के प्रार्थना-पत्र समयबद्ध रूप से संकलित कर कार्यवाही हेतु डीएलएसए कार्यालय प्रेषित किए जाएं।
इसके उपरांत सचिव ने जिला कारागार की साफ-सफाई, चिकित्सा, शिक्षा, खानपान एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने बंदियों से सीधे संवाद कर व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति जानी और प्रिजन लीगल क्लिनिक से मिल रही कानूनी सहायता के संबंध में जानकारी प्राप्त की।
निरीक्षण के पश्चात सचिव ने बताया कि कारागार की व्यवस्थाएं संतोषजनक एवं सुव्यवस्थित पाई गईं। किसी भी बंदी द्वारा कोई शिकायत प्रस्तुत नहीं की गई। उन्होंने कारागार प्रशासन के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि कौशल विकास गतिविधियों के माध्यम से बंदियों को रोजगारपरक प्रशिक्षण दिया जा रहा है तथा खेती-किसानी के प्रति भी उनका रुझान बढ़ाया जा रहा है। कारागार अधीक्षक ने अवगत कराया कि वर्तमान में निरुद्ध एक बंदी ने हाल ही में संपन्न इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा द्वितीय श्रेणी में उत्तीर्ण की है। पूर्व में भी एक बंदी ने प्रतियोगी परीक्षा में सफलता प्राप्त कर कारागार का नाम रोशन किया था। निरीक्षण के दौरान कारागार के अधिकारी, कर्मचारी, चिकित्सक एवं शिक्षक उपस्थित रहे।











