उरई। जिला मजिस्ट्रेट राजेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि उ०प्र० शासन पंचायती राज अनुभाग-2 लखनऊ के कार्यालय ज्ञाप दिनांक 19.07.2026 के द्वारा सामान्य पंचायत निर्वाचन, 2021 के पश्चात् गठित क्षेत्र पंचायतो का कार्यकाल दिनांक 19.07.2026 को समाप्त हो रहा है। उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत तथा जिला पंचायत अधिनियम, 1961 की धारा-8 की उप धारा (1) के अनुसार-प्रत्येक क्षेत्र पंचायत, यदि इस अधिनियम के अधीन उसे पहले ही विघटित नहीं कर दिया जाता है तो, अपने प्रथम बैठक के लिये नियत दिनांक से पांच वर्ष की अवधि तक, न कि उससे अधिक, बनी रहेगी। उप धारा-2 के अनुसार किसी क्षेत्र पंचायत सदस्य का कार्यकाल यदि इस अधिनियम के उपबंधो के अधीन अन्यथा समाप्त कर दिया जाय तो, क्षेत्र पंचायत के कार्यकाल के अवसान तक होगा।”
2-उ०प्र० क्षेत्र पंचायत तथा जिला पंचायत अधिनियम 1961 की धारा-8 की उपधारा (3-क) में निम्न प्राविधान विद्यमान है-इस अधिनियम के किन्ही उपबन्धों में किसी बात के होते हुए भी, जहाँ अपरिहार्य परिस्थितियों के कारण या लोकहित में किसी क्षेत्र पंचायत का संघटन करने के लिए उसके कार्यकाल के अवसान के पूर्व निर्वाचन कराना साध्य नहीं है, वहाँ राज्य सरकार या उसके द्वारा इस निमित प्राधिकृत कोई अधिकारी, आदेश द्वारा, प्रशासनिक समिति जिसमें क्षेत्र के सदस्यों के रूप में निर्वाचित किये जाने के लिए, ऐसी संख्या में जैसी वह उचित समझे, अर्ह व्यक्ति होंगे, या प्रशासक नियुक्त कर सकता है ओर प्रशासनिक समिति के सदस्य या प्रशासक छह मास से अनधिक ऐसी अवधि के लिए जैसी कि उक्त आदेश में विनिर्दिष्ट की जाये, पदधारण करेगा और क्षेत्र पंचायत, उसके अध्यक्ष और समितियों की समस्त शक्तियों, कृत्य और कर्तव्य, यथास्थिति, ऐसी प्रशासनिक समिति या प्रशासक में निहित होंगे और उसके द्वारा उनका प्रयोग, सम्पादन और निर्वहन किया जायेगा।”3-क्षेत्र पंचायतों के सामान्य, 2026 के पश्चात संघठित की जाने वाली नई क्षेत्र पंचायतों की प्रथम बैठक के लिये नियत की जानी वाली तिथि तक, अथवा अधिकतम छह माह की अवधि के लिये, जो भी पहले हो, निवर्तमान क्षेत्र पंचायत प्रमुखो को सम्यक विचारोपरान्त क्षेत्र पंचायतो में प्रशासक के रूप में नियुक्त किये जाने का निर्णय लिया गया है।
4-क्षेत्र पंचायतों के कार्यकाल समाप्ति की तिथि 19.07.2026 के उपरान्त दिनांक 20.07.2026 से निर्वाचन के पश्चात् क्षेत्र पंचायत के संघटित होने अथवा छह माह की अवधि व्यतीत होने, जो पहले हो, तक की अवधि के लिये निवर्तमान क्षेत्र पंचायत प्रमुखो को क्षेत्र पंचायतों में प्रशासक के रूप में सामान्य रूटीन कार्यों का निर्वहन किये जाने हेतु नामित किये जाने के लिये सम्बन्धित जिलाधिकारी/जिला मजिस्ट्रेट को प्राधिकृत किया गया है। उक्त प्रशासको द्वारा सामान्य रूटीन कार्यों का निर्वहन किया जायेगा तथा नीतिगत निर्णय नहीं लिये जायेगे एवं अतिआवश्यक / विशेष परिस्थितियों में नीति विषयक निर्णय से सम्बन्धित प्रस्ताव जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कर स्वीकृति प्राप्त की जायेगी। अतः समस्त निवर्तमान क्षेत्र पंचायत प्रमुख/प्रशासक एवं खण्ड विकास अधिकारी जनपद जालौन उक्त निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन करना सुनिश्चित करेगें।












