कानपुर देहात समस्त उर्वरक प्रदायकर्ता कम्पनी प्रतिनिधि, थोक उर्वरक विक्रेता, फुटकर उर्वरक विक्रेता, सहायक विकास अधिकारी (कृषि), कृषि रक्षा एवं सहकारिता की उप जिलाधिकारी की अध्यक्षता में उप सम्भागीय कृषि प्रसार अधिकारी कार्या॰-रसूलाबाद कानपुर देहात में दिनॉक 28.04.2026 को बैठक की गयी। बैठक में जिला कृषि अधिकारी, तहसीलदार रसूलाबाद, सहायक विकास अधिकारी रसूलाबाद, चीफ मैनेजर इफको एवं क्षेत्रीय प्रबन्धक इफको और तहसील के थोक उर्वरक विक्रेता भाई जी खाद भण्डार, कृषि विकास केन्द्र रसूलाबाद एवं फुटकर उर्वरक विक्रेता, तिवारी खाद भण्डार, श्रीराम ट्रेडर्स, यादव खाद भण्डार, अवस्थी खाद एवं पेस्टीसाइड, इफको ई-बाजार रसूलाबाद एवं अन्य द्वारा प्रतिभाग किया गया। जिला कृषि अधिकारी डा0 उमेश गुप्ता द्वारा अवगत कराया गया कि भारत सरकार कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग तथा रसायन उर्वरक मंत्रालय, उर्वरक विभाग के द्वारा उर्वरकों के अंधाधुंध/अत्यधिक प्रयोग को नियंत्रित करने तथा औद्योगिक इकाईयों में अवैध परिसंचालन, कालाबाजारी, ओवर रेटिंग एवं तस्करी को रोकने के साथ ही मृदा स्वास्थ्य में अनुकूल परिवर्तन लाने के उद्देश्य से धरती माता बचाओ अभियान की शुरूआत की गयी है। उप जिलाधिकारी महोदया द्वारा सहायक विकास अधिकारी (कृषि) को निर्देशित किया गया कि तहसील में प्रत्येक ग्राम पंचायत की ग्राम सभा बैठकों के आयोजन की समीक्षा करेंगे, ग्राम स्तर की बैठकें लगातार आहुत करेंगे तथा किसी भी जालीध्नकली उर्वरकों एवं उर्वरकों के गैर-कानूनी डायवर्जन की सूचना जिला कृषि अधिकारी कार्यालय को उपलब्ध करायेंगे।
इसी क्रम में उर्वरक निगरानी समिति की बैठक में जिला कृषि अधिकारी द्वारा समस्त थोक एवं फुटकर उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित किया गया कि क्षेत्र में उर्वरक निर्धारित मूल्य पर बेचा जायेगा। उर्वरक के साथ ही कम प्रचलित उर्वरक की टेगिंग नहीं की जायेगी। रेट बोर्डध्स्टॉक बोर्ड, स्टॉक रजिस्टर, वितरण रजिस्टर व फर्म बोर्ड प्रत्येक प्रतिष्ठान पर उपलब्ध होना चाहिये तथा विवरण भरा होना चाहिये। जिस व्होलसेलर से काम करते हैं उसका फार्म-ओ लाइसेन्स पर चड़ा हो। कृषकों को फसल सीजन में यूरिया प्रति हे0 भूमि पर अधिकतम 07 बैग तथा डी0ए0पी0 05 बैग से अधिक नहीं दिया जायेगा। उर्वरक बिक्री करते समय कृषक की जमीन का विवरण अनिवार्य रूप से देखा जायेगा तथा खतौनी के आधार पर ही मानक अनुसार उर्वरक वितरण किया जायेगा। उर्वरक पी0ओ0एस0 मशीन में दर्ज उर्वरक, गोदाम का स्टाक, स्टाक रजिस्टर और मौके पर रखे उर्वरक में कोई अन्तर नहीं होना चाहिये। किसी भी उर्वरक का वितरण दिये गये निर्देशों के अनुसार ही किया जाये। सहायक विकास अधिकारी (कृषि) को निर्देशित किया गया कि यदि किसी क्षेत्र में उर्वरक की कमी है तो तत्काल जिला कृषि अधिकारी कानपुर देहात को अवगत करायें। निगरानी समिति क्षेत्र में कृषकों से फीडबैक भी लेंगी और रिपोर्ट जिला कृषि अधिकारी कानपुर देहात के कार्यालय को प्रेषित करेेंगे। उप जिलाधिकारी महोदया द्वारा सहायक विकास अधिकारी (कृषि) को निर्देशित किया गया कि समस्त थोक एवं फुटकर उर्वरक प्रतिष्ठानों का संचालन उपरोक्त नियमों के अनुसार किया जाये, जिसका निरीक्षण माह में एक बार करें तथा इसकी रिपोर्ट जिला कृषि अधिकारी कार्यालय को उपलब्ध करायें।











