कानपुर देहात, प्रदेश सरकार द्वारा पर्यटन को प्रोत्साहित करने, पर्यटकों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं आय के अवसर सृजित करने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश होमस्टे एवं बेड एंड ब्रेकफास्ट (बी एंड बी) नीति-2025 जारी की गई है। उक्त नीति के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु जनपद स्तर पर आवश्यक कार्यवाही प्रारंभ कर दी गई है। जिलाधिकारी कपिल सिंह के निर्देशन में मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल ने बताया कि नई नीति के अंतर्गत शहरी एवं ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में होमस्टे, रूरल होमस्टे एवं बी एंड बी इकाइयों के पंजीकरण की स्पष्ट एवं सरल व्यवस्था की गई है। इसके अंतर्गत आवासीय इकाइयों में न्यूनतम 01 एवं अधिकतम 06 कक्ष (अधिकतम 12 शैय्या) किराये पर दिए जा सकेंगे। होमस्टे/रूरल होमस्टे में इकाई स्वामी का परिवार सहित उसी भवन में निवास करना अनिवार्य होगा। उन्होंने बताया कि पंजीकरण की प्रक्रिया उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा विकसित ऑनलाइन पोर्टल up-tourismportal.in के माध्यम से पूर्ण की जाएगी। पंजीकरण हेतु आवश्यक दस्तावेजों में पहचान पत्र, स्वामित्व प्रमाण, पुलिस एवं स्थानीय निकाय की अनापत्ति सम्मिलित है। पर्यटकों की सुरक्षा के दृष्टिगत पंजीकृत इकाइयों में न्यूनतम 03 सीसीटीवी कैमरे (90 दिनों की वीडियो रिकॉर्डिंग सुविधा सहित) लगाए जाना अनिवार्य किया गया है। नई नीति के अंतर्गत पंजीकृत इकाइयों को विभिन्न लाभ भी प्रदान किए जाएंगे, जिनमें कौशल विकास हेतु प्रशिक्षण, पर्यटन विभाग की वेबसाइट के माध्यम से प्रचार-प्रसार, तथा प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना के अंतर्गत सोलर पैनल स्थापना का लाभ शामिल है। इसके साथ ही पंजीकृत आवासीय इकाइयों को सात दिनों तक की अवधि के लिए बुकिंग की सुविधा प्रदान की गई है। मुख्य विकास अधिकारी ने जनपद के इच्छुक आवासीय इकाई स्वामियों से अपील की है कि वे इस नीति का अधिकतम लाभ उठाते हुए समयबद्ध रूप से पंजीकरण कराएं, जिससे जनपद में पर्यटन को बढ़ावा मिले और स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के नए अवसर प्राप्त हों।











