पुलिस अधीक्षक महोदया कानपुर देहात के निर्देशन में जनपद में चलाया गया नाइट डॉमिनेशन अभियान, संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की सघन जांच तथा 6 माह में जेल से रिहा हुए आदतन अपराधियों का किया गया सत्यापन ।
श्रद्धा नरेन्द्र पाण्डेय के निर्देशन में जनपद में अपराध नियंत्रण एवं नागरिकों की सुरक्षा को और सुदृढ़ करने के उद्देश्य से “नाइट डॉमिनेशन” नामक एक विशेष अभियान का सफलतापूर्वक संचालन किया गया। पुलिस बल के साथ थाना क्षेत्र रनियां व थाना क्षेत्र गजनेर में संदिग्ध व्यक्तियों/वाहनों की सघन चैकिंग की गयी । इस अभियान के तहत जनपद के समस्त बीट, थाना एवं पुलिस लाइन कर्मियों को सक्रिय रूप से तैनात किया गया। अभियान का प्रमुख उद्देश्य संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना, विशेष रूप से रात्रि के समय सार्वजनिक स्थलों पर होने वाली हलचल पर कड़ी निगरानी रखना तथा संपत्ति संबंधी अपराधों को रोकना था। शीतकालीन मौसम में कोहरे के कारण दृश्यता में कमी होने से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से यातायात पुलिस द्वारा वाहनों पर रेट्रो रिफ्लेक्टर टेप लगाये गए। यह टेप वाहनों की दृश्यता बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगा तथा सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
अभियान के दौरान किए गए प्रमुख कार्य इस प्रकार हैं:
सघन जांच एवं निगरानी : रात 10:30 बजे के बाद बिना किसी स्पष्ट उद्देश्य के सार्वजनिक स्थानों पर घूमते पाए गए व्यक्तियों की सघन पड़ताल की गई। इसका उद्देश्य संभावित अपराधियों को चिन्हित करना व रोकथाम करना था।
वाहन चेकिंग अभियान: रात्रि के समय चल रहे चार पहिया (4W) एवं दो पहिया वाहनों (2W) की विशेष रूप से जांच की गई। संदिग्ध वाहनों व चालकों की पुलिस द्वारा कड़ी छानबीन की गई, ताकि कोई भी अवैध गतिविधि न हो पाए।
आदतन संपत्ति अपराधियों पर नजर : पिछले 6 माह में जेल से रिहा हुए आदतन संपत्ति अपराधियों (जैसे चोरी, डकैती, लूट में दोषी) के ठहरने व छिपने के संभावित स्थानों का सत्यापन किया गया। इन व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखी गई ताकि पुन: अपराध में संलिप्त होने से रोका जा सके।
पुलिस अधीक्षक कानपुर देहात ने बताया कि ऐसे अभियान नियमित रूप से चलाए जाते रहेंगे।
जनता से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा कि कोई भी संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत पुलिस को सूचित करें। पुलिस द्वारा नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सतत प्रयास जारी हैं।
इसी क्रम में, जिले के सभी क्षेत्राधिकारियों एवं थाना प्रभारियों ने भी अपने-अपने थाना क्षेत्र में अभियान के तहत स्थानीय आवश्यकताओं एवं संदिग्ध गतिविधियों के पैटर्न के अनुरूप रणनीति बनाकर कार्रवाई सुनिश्चित की गई।











