सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान थीम पर जनकल्याणकारी योजनाओं की उपलब्धियां की गईं साझा।
आयुष्मान कार्ड वितरित कर टीबी मरीजों को प्रदान की गई पोषण पोटली।
स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी बनाने में चिकित्सकों की भूमिका महत्वपूर्ण।
कानपुर देहात सुशासन को समर्पित प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 140 करोड़ भारतीयों की निरंतर सेवा के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में कानपुर देहात में सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान थीम पर आधारित चिकित्सकों के साथ संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता आयुक्त, ग्राम्य विकास विभाग (वरिष्ठ आईएएस अधिकारी) एवं जनपद कानपुर देहात के नोडल अधिकारी जी.एस. प्रियदर्शी ने की। इस अवसर पर जिलाधिकारी कपिल सिंह एवं मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नोडल अधिकारी जी.एस. प्रियदर्शी ने कहा कि बीते 12 वर्षों में केंद्र सरकार ने जनसेवा, पारदर्शिता, सुशासन एवं जनकल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास की मुख्यधारा को पहुंचाने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में संचालित विभिन्न योजनाओं ने आमजन को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। जिलाधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने में चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि चिकित्सकों के सहयोग से जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं जनोन्मुखी बनाया जा सकता है। कार्यक्रम के दौरान नोडल अधिकारी एवं जिलाधिकारी द्वारा केंद्र सरकार, राज्य सरकार एवं जनपद स्तर पर संचालित विभिन्न विकासात्मक एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की उपलब्धियों की जानकारी उपस्थित चिकित्सकों के साथ साझा की गई। इस अवसर पर आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को नए आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए, जिससे उन्हें निःशुल्क उपचार की सुविधा प्राप्त हो सकेगी। इसके अतिरिक्त क्षय रोग (टीबी) से पीड़ित मरीजों को पोषण सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से पोषण पोटली का वितरण भी किया गया। नोडल अधिकारी ने कहा कि टीबी उन्मूलन अभियान को जनभागीदारी के माध्यम से सफल बनाना आवश्यक है तथा मरीजों को उपचार के साथ-साथ उचित पोषण उपलब्ध कराना भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। संवाद कार्यक्रम के दौरान उपस्थित चिकित्सकों ने भी अपने विचार व्यक्त किए तथा स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी एवं सुलभ बनाने के संबंध में सुझाव साझा किए। चिकित्सकों ने जनकल्याणकारी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार एवं पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने हेतु सतत प्रयास करने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. जयगोविन्द, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार तिवारी, एसीएमओ डा0 सुखलाल वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में चिकित्सक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों को समाज के विभिन्न वर्गों तक पहुंचाना, स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों के साथ संवाद स्थापित करना तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु सहभागिता को बढ़ावा देना रहा।











