मुख्य विकास अधिकारी ने सीएम डैशबोर्ड योजनाओं की समीक्षा, लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति लाने के दिए निर्देश
कानपुर देहात विकास भवन सभागार में सीएम डैशबोर्ड योजनाओं की समीक्षा, लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति लाने के निर्देश विकास भवन सभागार कक्ष में मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल की अध्यक्षता में सीएम डैशबोर्ड पर प्रदर्शित विभिन्न विभागीय योजनाओं की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद स्तरीय संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। समीक्षा के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने सीएम डैशबोर्ड पर प्रदर्शित योजनाओं की विभागवार प्रगति का गहन परीक्षण किया। उन्होंने पाया कि कुछ विभागों की प्रगति निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप नहीं है। इस पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं में अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित की जाए तथा लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण किया जाए। मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि शासन स्तर पर सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है, अतः सभी विभाग अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाते हुए शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि योजनाओं से संबंधित आंकड़ों को समय से डैशबोर्ड पर अद्यतन किया जाए, जिससे वास्तविक प्रगति परिलक्षित हो सके।
बैठक में समाज कल्याण अधिकारी द्वारा प्रस्तुत विभागीय प्रगति की समीक्षा के दौरान योजनाओं में अत्यंत खराब प्रगति पाए जाने पर मुख्य विकास अधिकारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए समाज कल्याण अधिकारी का वेतन रोका। वृद्वावस्था पेंशन में जनपद में अधिक आवेदन लम्बित होने के कारण पटल सहायक बजरंग सिंह, शिवशंकर एवं जनपद में कार्यरत समस्त ए0डी0ओ0 समाज कल्याण, सामूहिक विवाह योजना में प्रगति कम होने के कारण पटल सहायक अम्बरीश त्रिवेदी व छात्रवृत्ति योजना में खराब प्रगति होने के कारण पटल सहायक राम सिंह कमल के माह अप्रैल के वेतन आहरण पर अग्रिम आदेशो तक रोक लगायी गयी।उन्होंने स्पष्ट कहा कि कार्य में लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी।
मुख्य विकास अधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे योजनाओं के क्रियान्वयन में गंभीरता बरतें, नियमित फील्ड निरीक्षण करें तथा जनहित से जुड़ी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाना सुनिश्चित करें।
बैठक के अंत में मुख्य विकास अधिकारी ने सभी विभागों को आगामी समीक्षा बैठक तक स्पष्ट सुधारात्मक प्रगति प्रदर्शित करने के निर्देश दिए।












