कालपी (जालौन) उकासा (चमरारी) स्थित टोल प्लाजा पर सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक विशेष नेत्र परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य वाहन चालकों, विशेषकर ट्रक चालकों और परिचालकों की दृष्टि क्षमता की जांच कर उन्हें सुरक्षित ड्राइविंग के प्रति जागरूक करना था। शिविर में कुल 53 लोगों की आंखों की जांच की गई, जिसमें अधिकांश ट्रक चालक शामिल रहे।
कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने आधुनिक उपकरणों की सहायता से उपस्थित लोगों की आंखों की बारीकी से जांच की। जांच के दौरान कई चालकों में दृष्टि संबंधी समस्याएं पाई गईं, जिन्हें तत्काल परामर्श दिया गया। कुछ लोगों को चश्मा लगाने की सलाह दी गई, जबकि अन्य को आंखों की नियमित देखभाल, समय-समय पर जांच और संतुलित आहार अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
डॉक्टरों ने बताया कि लंबी दूरी तक वाहन चलाने वाले चालकों के लिए अच्छी दृष्टि अत्यंत आवश्यक होती है। आंखों की छोटी-सी समस्या भी सड़क दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है। ऐसे में समय पर जांच और उचित उपचार बेहद जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि नियमित नेत्र परीक्षण से न केवल दृष्टि क्षमता में सुधार होता है, बल्कि दुर्घटनाओं की संभावना भी काफी हद तक कम की जा सकती है।
शिविर के आयोजकों ने बताया कि इस प्रकार के स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन समय-समय पर किया जाता रहेगा, ताकि वाहन चालकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें और वे सुरक्षित रूप से अपने कार्य का निर्वहन कर सकें। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों के पालन से ही नहीं, बल्कि चालक के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर भी निर्भर करती है।
कार्यक्रम के दौरान परियोजना प्रमुख उत्तम सिंह, प्रबंधक इंगलेश शर्मा, रखरखाव प्रबंधक अनिकेस एवं अभिषेक पाराशर, रोहित (CRO) सहित टोल प्लाजा का समस्त स्टाफ मौजूद रहा। सभी ने मिलकर शिविर को सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभाई।
स्थानीय लोगों एवं कर्मचारियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे शिविर समाज के लिए अत्यंत उपयोगी हैं। विशेष रूप से ट्रक चालकों के लिए यह पहल सराहनीय है, जो दिन-रात सड़कों पर रहते हैं और अक्सर अपने स्वास्थ्य पर ध्यान नहीं दे पाते।
समापन के दौरान आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी इस तरह के जनहितकारी कार्यक्रमों के आयोजन का संकल्प लिया।








