कानपुर देहात भूमि संरक्षण अधिकारी ई०सी० पुखरायाँ स्थान माती कानपुर देहात देवेन्द्र कुमार वर्मा ने बताया कि आर०के०वी०वाई० अन्तर्गत कृषि विभाग द्वारा संचालित वर्षा जल संचयन हेतु खेत तालाब योजना में वर्ष 2026-27 में खेत तालाब निर्माण हेतु विभागीय पोर्टल दिनांक 30 अप्रैल, 2026 से खोल दिया गया है। जनपद हेतु कुल 14 खेत तालाब का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कृषक कृषि दिभाग की वेबसाइट agriculture.up.gov.in पर जाकर खेत तालाब के लिए पंजीकरण करवा सकते है। कृषकों का चयन प्रथम आवक-प्रथम पावक के सिद्धान्त पर किया जायेगा जिसमें लघु तालाब 22 मी0 लम्बा, 20 मी० चौडा एवं 3 मी० गहरा आकार का खोदा जायेगा तथा खुदाई का कार्य कृषक द्वारा अपनी निजी भूमि पर स्वयं कराया जायेगा। तालाब खुदाई हेतु कुल लागत रू0 105000.00 है जिसमें 50% अनुदान तथा 50% कृषक को स्वयं वहन करना होगा। कृषकों को लघु तालाब हेतु रू0 1000.00 टोकन मनी के रूप में जमा करना होगा। टोकन मनी जमा होने की ऑनलाइन पुष्टि होने के बाद कृषकों को खेत की खतौनी, फोटो तथा निर्धारित घोषणा पत्र अपलोड करना होगा। यदि निर्धारित समय के अन्दर कृषक द्वारा अभिलेख अपलोड नहीं किया जाता है तो टोकन मनी जब्त कर प्रतीक्षा सूची से अगले कृषक / लाभार्थी को अवसर प्रदान किया जायेगा। अनुदान का भुगतान डी०बी०टी के माध्यम से दो किस्तों में किया जायेगा। जिन कृषकों ने उद्यान विभाग से सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली स्थापित नहीं करवायी है उन्हें सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली स्थापित करने हेतु त्रिपक्षीय समझौता करना होगा तथा समय से सिंचाई प्रणाली स्थापित कराना होगा। खेत तालाब में सिंचित वर्षा जल का उपयोग आसपास के खेतों में बोयी गयी फसलों में जीवन रक्षक सिंचाई के लिये किया जा सकता है साथ ही तालाब में मछली पालन एवं सिंघाडा उत्पादन के द्वारा अतिरिक्त आय भी प्राप्त की जा सकती है। साथ ही तालाब के लाभार्थी कृषक पम्पसेट लेने के लिये भी पात्र हो जायेगें। पम्पसेट की लागत का 50% या अधिकतम रू०. 15000.00 का अनुदान दिया जायेगा। खेत तालाब पूर्ण होने पर टोकन मनी की धनराशि कृषक के खाते में वापस कर दी जायेगी। अधिक जानकारी हेतु अपने जनपद के कृषि विभाग के अधिकारियों/कर्मचारियों तथा कार्यालय – भूमि संरक्षण अधिकारी कानपुर देहात में सम्पर्क भी किया जा सकता है।








