पुखरायां कानपुर देहात – आज जालौन गरौठा भोगनीपुर लोकसभा के लोकप्रिय सांसद नारायण दास अहिरवार ने दिल्ली में लोकसभा के शीतकालीन सत्र में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा कार्यरत कक्षा 1 से 8 तक के शिक्षकों की गंभीर समस्या के निदान की मांग प्रमुखता से रखी।। जालौन गरौठा भोगनीपुर लोकसभा के सांसद नारायण दास अहिरवार ने आज लोकसभा में कहा कि पूरे प्रदेश ओर अपने लोकसभा क्षेत्र जालौन गरौठा भोगनीपुर में अध्यापन कर रहे शिक्षक और शिक्षिकाओं उच्चतम न्यायालय के आदेश से अत्यंत भयभीत हैं।। जबकि भारत सरकार द्वारा कक्षा 1 से 8 तक पढ़ाने वाले शिक्षकों की शैक्षिक योग्यता भर्ती के लिए निर्धारित किया गया जिसमें अन्य योग्यताओं के साथ साथ शिक्षक पात्रता परीक्षा (T.E.T) पास करना अनिवार्य किया गया।। जबकि यह योग्यता 2010 के बाद बाली भर्ती पर लागू होना था।। जबकि पहले से नियुक्त शिक्षक पर यह नियम लागूं नहीं होना था।। परन्तु उच्चतम न्यायालय के निर्णय के पहले से नियुक्त शिक्षकों पर भी यह नियम लागू हो गया है।।जबकि नियुक्ति जब हुई थी उस समय जो योग्यता निर्धारित थी उसे पूर्ण करने के बाद ही उनकी नियुक्ति हुई थी, ऐसे सभी शिक्षक लगभग 20 से 25 वर्ष से ज्यादा समय से कार्य कर रहे हैं।। उनके भविष्य को ध्यान रखते हुए सरकार से मांग है ऐसे शिक्षक जो 2010 से पूर्व नियुक्त हुए उन्हें शिक्षक पात्रता परीक्षा (T.E.T) से मुक्त रखे जाने के कोई कानून बनाया जाए।। ऐसे शिक्षकों को इस गंभीर समस्या से राहत मिल सके।। आपको बतादे की सांसद नारायण दास अहिरवार निरन्तर लोकसभा सत्र के दौरान अपने लोकसभा क्षेत्र जालौन गरौठा भोगनीपुर से जुड़ी जनहित को समस्याओं को रखकर उनको हल करने का प्रयास करते हैं,











